देश के लिए एनसीसी कैडेट्स के योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को 73वें एन.सी.सी. स्थापना दिवस के अवसर पर एन.सी.सी. निदेशालय घंघोड़ा में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री का एनसीसी कैडेट्स द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर देकर स्वागत किया गया। इस दौरान मुख्यमंत्री द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने 15 एन.सी.सी कैडेटों, 6 ऐ.एन.ओ, 4 पी आई स्टाफ (जे.सी.ओ,एन.सी.ओ) एवं तीन सिविल स्टाफ को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एनसीसी एक संगठन से ज्यादा एक मिशन है, जिसका उद्देश्य है देश की युवाशक्ति में अनुशासन, दृढ़ निश्चय निर्धारण और राष्ट्र के प्रति निष्ठा को मजबूत करना है। आज यह देख कर बेहद हर्ष की अनुभूति हो रही है कि एनसीसी अपने इन लक्ष्यों को प्राप्त कर रही है। एनसीसी देश के युवाओं को उनकी वास्तविक क्षमता का अनुभव करने और राष्ट्र निर्माण में योगदान का एक शानदार अनुभव प्रदान करता है। एनसीसी का एक गौरवपूर्ण इतिहास रहा है। सेनाओं से अलग भी, देश का शायद ही कोई ऐसा क्षेत्र हो जहां एनसीसी के बहादुर कैडेट्स ने अपनी प्रतिभा का परचम न लहराया हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के लिए एनसीसी कैडेट्स के योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। देश के किसी भी हिस्से में यदि कभी कोई संकट आया, कोई आपदा आई या कभी सामान्य जनजागरण का ही कोई कार्य हो, एनसीसी के कैडेट्स हमेशा पूरे समर्पण भाव से मौके पर मौजूद रहे है। यह न केवल संगठन बल्कि हमारे लिए भी गर्व करने वाली बात है कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री दोनों ही एनसीसी कैडेट्स रहे हैं। हाल ही में प्रधानमंत्री ने एनसीसी के पूर्व छात्र संघ का शुभारंभ किया। प्रधानमंत्री लगातार हमारी सेनाओं के सशक्तिकरण का कार्य कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एनसीसी वो नर्सरी है, जहां भविष्य के वीर सैनिक तैयार होते हैं। एनसीसी के विस्तार और आधुनिकीकरण पर भी सरकार की तरफ से विशेष ध्यान दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री का प्रयास है कि आने वाले समय में 1 लाख नए कैडेट तैयार किए जाएं, जिनमें से एक तिहाई युवतियां होंगी। सरकार की योजना सीमावर्ती इलाकों में एनसीसी के कार्यक्षेत्र को और अधिक बढ़ाने की भी है। एनसीसी राष्ट्र निर्माण में अहम योगदान देने वाले युवाओं को जिम्मेदार नागरिक बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। जिस देश के युवा में अनुशासन हो, दृढ़ इच्छाशक्ति हो, निष्ठा हो, लगन हो, उस देश का तेज गति से विकास कोई नहीं रोक सकता।
एन.सी.सी. के अपर महानिदेशक मेजर जनरल पीएस दहिया ने कहा कि उत्तराखण्ड वीर सैनिकों का प्रदेश है। उत्तराखण्ड के लोगों का सेना में शामिल होना न केवल रोजगार है, इससे भी बढ़कर एक परंपरा है। एनसीसी संगठन भी उनकी वीरता और समर्पण से प्रेरित होते हैं।
इस अवसर पर ब्रिगेडियर एसएस डड्वाल, रवीन्द्र गुरूंग,एनएस ठाकुर, वीके तोमर, कर्नल रमन अरोड़ा, कर्नल जेबी क्षेत्री, लेफ्टिनेंट कर्नल राहुल चौहान, एल.बी.मल्ल, समीर सक्सेना, हरीश डबराल, श्री एनके उनियाल और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।